गोंडा के प्रगतिशील किसान सूर्य पाल का रोटरी मल्चर यंत्र गन्ने की पराली को मिट्टी में मिलाकर प्राकृतिक खाद बनाता है, जिससे मिट्टी की उर्वरता बढ़ती है और प्रदूषण कम होता है.