नवरात्र के दौरान व्रत और खाने के नियम हर जगह एक जैसे नहीं होते हैं। शैव, शाक्त और वैष्णव परंपराओं में धार्मिक मान्यताओं और खाने की आदतों में क्या अंतर हैं और इसके पीछे क्या कारण हैं?