दुष्कर्म पीड़िता के सुसाइड नोट का अभाव आरोपी को राहत नहीं दिला सकता: हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला

Wait 5 sec.

छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में स्पष्ट किया है कि दुष्कर्म की पीड़िता द्वारा आत्महत्या करने पर सुसाइड नोट की मौजूदगी अनिवार्य नहीं है। कसडोल के एक मामले में, जहां आरोपी ने दुष्कर्म के बाद पीड़िता को आत्महत्या के लिए मजबूर किया था, हाईकोर्ट ने उसकी 10 साल की सजा को बरकरार रखा है।