विभागीय सचिवों को प्रदेश के बाहर सरकारी काम से यात्रा करने से पहले मुख्य सचिव से स्वीकृति लेनी होगी। वहीं, सचिव भी अपने अधीनस्थों की प्रदेश के बाहर की यात्राएं अत्यावश्यक परिस्थितियों में ही स्वीकृत करेंगे।