परिस्थितियां कितनी भी कठिन हों, सीखने का जज्बा हो तो रास्ता निकल ही आता है। शहडोल जिले के खम्हरिया पंचायत के पचड़ी गांव के 32 वर्षीय संजीव कुमार बैगा की कहानी इसी जज्बे की मिसाल है।