युगलपीठ के समक्ष दलील दी गई कि विश्वविद्यालय की अधिसूचना व स्पष्टीकरण में डीसीए को पार्ट टाइम कोर्स बताया गया है, जिसे नियमित डिग्री के साथ किया जा सकता है।