छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के जस्टिस राकेश मोहन पांडेय की एकल पीठ ने राज्य सरकार की सभी 9 रिट याचिकाएं खारिज करते हुए बड़ा फैसला दिया है कि दैनिक वेतन भोगी के रूप में दी गई सेवाओं के लिए भी नियमित कर्मचारी ग्रेच्युटी पाने के हकदार हैं।