रेलवे ने सिंहस्थ के बाद इसे तोड़कर नया फ्लायओवर बनाने का निर्णय लिया है। यह 18 मीटर चौड़ा होगा। सिंहस्थ के बाद ही यार्ड रीमॉडलिंग का कार्य होगा। ऐसे में अतिरिक्त प्लेटफॉर्म व अतिरिक्त रेल लाइन बिछाने का कार्य भी उसी समय शुरू होगा।