पिछली सुनवाई में प्रतिमा देवी की ओर से यह आपत्ति उठाई गई थी कि उनकी मां पद्मावती राजे के संपत्ति संबंधी अधिकारों को ध्यान में रखे बिना परिवार के अन्य सदस्यों के बीच समझौते को अंतिम रूप नहीं दिया जा सकता।