29 अप्रैल 1990 की रात सर्वानंद कौल 'प्रेमी' और उनके बेटे वीरेंद्र कौल को नक़ाबपोश बंदूक़धारियों ने अगवा कर लिया था. वो एक सम्मानित कश्मीरी पंडित शिक्षक, समाजसेवी और कवि थे.