UP Assembly Election 2027 से पहले आजम खान और अखिलेश यादव की मुलाकात पर सभी की नजरें रहीं। अनुमान लगाया जा रहा है कि मुस्लिमों को इकट्ठा करने के लिए ये दांव कितना कारगर साबित होगा। क्या इस मुलाकात को कराने में ओवैसी फैक्टर ने भी काम किया है। समझिए मुस्लिम वोटों की गोलबंदी के लिए आजम खान क्यों अहम हैं।