गुरुग्राम में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर एलविश यादव के घर फायरिंग करवाने वाले हरियाणा के कुख्यात गैंगस्टर हिमांशु भाऊ को अमेरिका में गिरफ्तार कर लिया गया है। 24 वर्षीय हिमांशु की गैंगस्टर भाऊ बनने की कहानी भी रोचक है। 2019 तक वह एक नॉर्मल स्टूडेंट था। पढ़ाई के दौरान ही उसने रोहतक के सब्जी मंडी इलाके में जबरन वसूली के लिए फायरिंग कर दी, जिसके बाद उस पर केस दर्ज हुआ और पुलिस ने पकड़ लिया। उस वक्त हिमांशु की उम्र महज 17 साल थी। इसे देखते हुए उसे हिसार के सुधार गृह भेज दिया गया, जहां से वह 20 लड़कों के साथ फरार हो गया। इसके बाद वह कभी पुलिस के हाथ नहीं आया। सबसे पहले अपने गांव के ही बचपन के दोस्त अंकित उर्फ बाबा से उसकी दुश्मनी हुई। इस दुश्मनी में जब हत्याएं होने लगीं, तो उसने अपना ठिकाना झज्जर और फिर दिल्ली को बना लिया। यहां उसकी मुलाकात गैंगस्टर नीरज बवाना से हुई। इसके बाद उस पर हरियाणा और दिल्ली समेत कई राज्यों में मर्डर, हत्या की कोशिश, रंगदारी और हथियारों की तस्करी जैसे करीब 30 से ज्यादा गंभीर मामले दर्ज होते चले गए और हरियाणा का यह लड़का अपराध की दुनिया में ‘भाऊ’ नाम से फेमस हो गया। उसे दिल्ली और आसपास के इलाकों में ‘दाऊद इब्राहिम’ भी कहा जाता है। हिमांशु पर हरियाणा पुलिस ने 2.5 लाख रुपये और दिल्ली पुलिस ने 1 लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा है। लॉरेंस और गोल्डी बराड़ गैंग से उसकी पुरानी दुश्मनी मानी जाती है। फिलहाल, हरियाणा पुलिस, सीबीआई के साथ मिलकर हिमांशु भाऊ के प्रत्यर्पण की प्रक्रिया को अंतिम रूप देने पर काम कर रही है। पहले जानिए कैसे पकड़ा गया हिमांशु भाऊ, 4 पॉइंट… अब जानिए कौन है हिमांशु, जो गैंगस्टर भाऊ बनकर अमेरिका पहुंचा…. बचपन के दोस्त से गैंगवार, गांव में हो चुकीं चार हत्याएं… ----------------------- ये खबर भी पढ़ें… रोहतक के 2 गैंगस्टर दोस्त कैसे बने दुश्मन:कार विवाद से गैंगवार शुरू; 3 साल में 4 मर्डर, अंकित जेल में बंद, हिमांशु अमेरिका बैठा हरियाणा के रोहतक में गैंगस्टर अंकित उर्फ बाबा के चाचा अनिल की गोली मारकर हत्या कर दी गई। रविवार को खेत में जाते वक्त बदमाशों ने अनिल को घेरा और उस पर 7 सेकेंड में 15 राउंड फायर किए। इसमें से अनिल के सिर, माथे, छाती, मुंह और पेट में 8 गोली लगी। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। (पूरी खबर पढ़ें)