पर्यटन विभाग की यह पहल यदि धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू होती है तो बांधवगढ़ के बाद रंछा उमरिया में रात के पर्यटन का नया केंद्र बन सकता है। साथ ही गांव की स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी इससे मजबूती मिलने की उम्मीद है।