एशियन गेम्स में भारतीय मिक्स मार्शल आर्ट्स (MMA) खिलाड़ी वरुण सान्याल मुकाबले से पहले सौना बाथ लेते समय बेहोश हो गए। इसके बाद उन्हें 77 किलोग्राम वर्ग के क्वार्टर फाइनल से पहले मेडिकली अनफिट घोषित कर दिया गया। दरअसल, वेट कैटेगरी वाले खेलों में खिलाड़ी मुकाबले से ठीक पहले तेजी से वजन घटाने के लिए सौना बाथ का सहारा लेते हैं। सौना की परंपरा हजारों साल पुरानी है। फिनलैंड में इसे लाइफस्टाइल का हिस्सा माना जाता है और आज यह दुनिया भर के जिम, स्पा और वेलनेस सेंटरों तक पहुंच चुका है। कुछ लोग इसे रिलैक्सेशन के लिए लेते हैं, कुछ मांसपेशियों को आराम देने के लिए, जबकि कई एथलीट वेट मैनेजमेंट के लिए भी इसका यूज करते हैं। इसलिए आज ‘जरूरत की खबर’ में सौना बाथ पर बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि- एक्सपर्ट- डॉ. रोहित शर्मा, कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, अपोलो स्पेक्ट्रा हॉस्पिटल, जयपुर सवाल- सौना बाथ क्या होता है? जवाब- सौना बाथ एक ऐसी थेरेपी है, जिसमें व्यक्ति कुछ समय के लिए बहुत गर्म कमरे में बैठता है। इस कमरे का तापमान आमतौर पर 70°C से 100°C के बीच होता है। गर्मी की वजह से- सवाल- सौना और स्टीम बाथ में क्या अंतर है? जवाब- सौना और स्टीम बाथ, दोनों शरीर को गर्मी देकर रिलैक्स करने के तरीके हैं। सौना में गर्म और ड्राई हवा होती है, लेकिन दोनों का माहौल अलग होता है। वहीं, स्टीम बाथ में भाप के जरिए गर्मी दी जाती है। ग्राफिक में दोनों का फर्क देखिए- सवाल- ड्राई सौना और स्टीम सौना में क्या फर्क है? जवाब- पॉइंटर्स से समझिए- सवाल- सौना में शरीर का तापमान कितने डिग्री तक बढ़ सकता है? जवाब- पॉइंटर्स से समझिए- सवाल- सौना में पसीना आने से शरीर को क्या फायदा होता है? जवाब- पसीना स्किन से निकलकर इवेपोरेट होता है। इससे बॉडी टेम्परेचर कम होता है। साथ ही, गर्मी के कारण स्किन में ब्लड फ्लो बढ़ता है और शरीर हल्का व रिलैक्स महसूस होता है। ग्राफिक में सभी फायदे देखिए- सवाल- क्या सौना शरीर से टॉक्सिन निकालता है? जवाब- नहीं, सौना में आने वाला पसीना ज्यादातर पानी, नमक और कुछ इलेक्ट्रोलाइट्स से बना होता है। शरीर से टॉक्सिन्स को बाहर निकालने का काम मुख्य रूप से लिवर और किडनी करते हैं। सवाल- क्या सौना से वजन सचमुच कम होता है? एक सेशन में कितनी कैलोरी तक बर्न हो सकती है? जवाब- पॉइंटर्स से समझिए- सवाल- क्या इससे मांसपेशियों की अकड़न और दर्द कम हो सकता है? जवाब- हां, सौना की गर्मी से मांसपेशियों में ब्लड फ्लो बढ़ सकता है। इससे कई लोगों को अकड़न और हल्के दर्द में राहत महसूस होती है। सवाल- सौना के ओवरऑल हेल्थ बेनिफिट्स क्या हैं? जवाब- सौना एक वेलनेस प्रैक्टिस है। इसके सभी फायदे ग्राफिक में देखिए- सवाल- सौना लेने का सही तरीका क्या है? जवाब- सौना लेते समय शरीर के रिस्पॉन्स पर ध्यान देना जरूरी है। यदि चक्कर, कमजोरी या असहजता महसूस हो तो तुरंत बाहर निकल आना चाहिए। ग्राफिक में सही तरीका देखिए- सवाल- किन लोगों को सौना नहीं लेना चाहिए? जवाब- गर्मी की वजह से शरीर पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। इसलिए कुछ लोगों के लिए यह रिस्की हो सकता है, जैसेकि– सवाल- क्या सौना के कुछ नुकसान या साइड इफेक्ट भी हो सकते हैं? जवाब- हां, अधिक गर्मी के संपर्क में रहने से शरीर में पानी की कमी हो सकती है। इससे चक्कर आना, कमजोरी, सिरदर्द या बेहोशी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। सवाल- क्या सौना हर किसी को सूट करता है? जवाब- नहीं, सौना का असर हर व्यक्ति पर एक जैसा नहीं होता। किसी व्यक्ति की उम्र, हेल्थ कंडीशन और गर्मी सहन करने की क्षमता यह तय करती है कि उसके लिए सौना कितना सही है। सवाल- सौना में कौन-से लक्षण दिखें तो यह सामान्य नहीं है? जवाब- सौना में ये लक्षण दिखें तो तुरंत बाहर निकलें और जरूरत पड़ने पर मेडिकल हेल्प लें– सवाल- जिम के सौना में हाइजीन का ख्याल कैसे रखें? जवाब- पॉइंटर्स में देखिए- सौना बाथ से जुड़े कॉमन सवाल-जवाब सवाल- एक सौना सेशन कितने मिनट का होना चाहिए? जवाब- शुरुआती लोगों के लिए 5-10 मिनट और अनुभवी लोगों के लिए 15-20 मिनट का सेशन पर्याप्त माना जाता है। सवाल- सप्ताह में कितनी बार सौना ले सकते हैं? जवाब- सप्ताह में 2-4 बार सौना ले सकते हैं। यह व्यक्ति की हेल्थ कंडीशन और सहन क्षमता पर निर्भर करता है। सवाल- सौना लेने का सही समय क्या है? जवाब- सौना व्यायाम के बाद या दिन के उस समय लिया जा सकता है, जब आप आराम करना चाहते हों। कोई एक निश्चित समय जरूरी नहीं है। सवाल- खाना खाने के कितनी देर बाद सौना लेना चाहिए? जवाब- कम-से-कम 1–2 घंटे बाद सौना लेना बेहतर माना जाता है। सवाल- क्या खाली पेट सौना लेना सही है? जवाब- नहीं। खाली पेट सौना लेने से कमजोरी या चक्कर आ सकते हैं। सवाल- सौना से पहले कितना पानी पीना चाहिए? जवाब- सौना लेने से पहले एक-दो गिलास पानी पीना और पूरे दिन पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थ लेते रहना जरूरी है। सवाल- सौना में क्या पहनना चाहिए? जवाब- हल्के, ढीले और ब्रीदेबल कपड़े पहनें। कई जगह केवल तौलिये का इस्तेमाल भी किया जाता है। सवाल- क्या पीरियड्स के दौरान सौना लेना सुरक्षित है? जवाब- हां, ज्यादातर महिलाओं के लिए यह सेफ माना जाता है, लेकिन असहजता होने पर इससे बचना चाहिए। सवाल- क्या सौना में मोबाइल या इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस ले जाना सुरक्षित है? जवाब- नहीं, अधिक गर्मी और नमी से मोबाइल व अन्य इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस खराब हो सकते हैं। ………………………………….. ये खबर भी पढ़ें….. जरूरत की खबर- सिगरेट के एक कश में 7000 टॉक्सिन्स:‘वर्ल्ड लंग्स डे’ पर देखें, हेल्दी और स्मोकर्स लंग्स का फर्क, हेल्दी रखने के 15 टिप्स हमारे फेफड़े हर दिन करीब 20 हजार बार सांस लेकर शरीर के हर हिस्से तक ऑक्सीजन पहुंचाते हैं। यही ऑक्सीजन हमें चलने, दौड़ने, सोचने और जिंदा रहने की ताकत देती है। लेकिन सिगरेट का हरेक कश इन फेफड़ों पर नया हमला करता है। पूरी खबर पढ़ें…