भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि संघर्ष और टकराव हमारी सबसे बड़ी चिंता बने हुए हैं। शांति बनाए रखने में असमर्थता न केवल सुरक्षा को कमजोर कर रही है, बल्कि प्रगति के लिए खतरा पैदा कर रही है। पूरी दुनिया में इसका असर देखा जा सकता है। न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि हम ऐसे समय में इस महासभा में एकत्र हुए हैं, जब संयुक्त राष्ट्र अपने नौवें दशक में प्रवेश कर रहा है। इसकी स्थापना अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा बनाए रखने तथा इसके लिए सामूहिक कार्रवाई करने के उद्देश्य से की गई थी। सदस्य देशों ने मैत्रीपूर्ण संबंध विकसित करने और वैश्विक शांति को मजबूत करने की प्रतिबद्धता जताई थी। खबर लगातार अपडेट कर रहे हें।