जांच में पुलिस के हाथ अहम सुराग लगे हैं, जिससे साफ होता है कि यह हत्या एक सोची-समझी साजिश के तहत की गई थी। 14 जून को भी आरोपियों ने उसी पॉइंट से केतन अग्रवाल को नीचे धकेलने की कोशिश की थी।