छत्तीसगढ़ में माओवादी हिंसा का प्रभाव कम होने के बाद कांग्रेस आदिवासी क्षेत्रों में अपनी राजनीतिक पैठ मजबूत करने के लिए जल, जंगल और जमीन के मुद्दों को केंद्र में रख रही है। पार्टी ने बस्तर और सरगुजा संभाग में बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने के साथ ही वनाधिकार, खनिज संसाधनों और स्थानीय हितों पर आधारित जनआंदोलन शुरू किए हैं। हाल ही में गठित 'छत्तीसगढ़ आदिवासी कांग्रेस सलाहकार