राज्य सरकार वर्ष 2025 के उन नियमों से पदोन्नति की प्रक्रिया प्रारंभ करने की तैयारी में है, जिनके विरोध में सामान्य वर्ग के कर्मचारियों ने हाई कोर्ट की शरण ली थी।