दिल्ली में हुए विरोध-प्रदर्शन पर मानवाधिकार उच्चायुक्त की टिप्पणी पर विदेश मंत्रालय ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। एमईए ने स्पष्ट किया कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है, जहां कानून और संविधान सर्वोच्च हैं।