आरोपपत्र के अनुसार, तत्कालीन खनिज सचिव अंबलगन पी और सेवानिवृत्त आईएएस अनिल टुटेजा के बीच वॉट्सएप चैट से पता चलता है कि साल 2019 में कोरबा जिले की प्रमुख कोल वाशरियों पर की गई संयुक्त कार्रवाई की योजना की जानकारी भूपेश बघेल को थी।