इसका निराकरण नहीं होने पर 27 मई को फिर आवेदन दिया गया। लेकिन, इस आवेदन पर डिप्टी पुलिस कमिश्नर कार्यालय से टीप लिख दी गई कि संबंधित पुलिस थाने से अभिमत मांगा गया है।