इस फैसले के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। अकेले ग्वालियर-चंबल में ही ऐसे कई निरीक्षक हैं, जिनके ख़िलाफ़ आपराधिक प्रकरण दर्ज होने के बाद भी इन्हें पदोन्नति मिल गई।