कोर्ट ने मस्जिद को निर्धारित समयसीमा के भीतर हटाने का आदेश दिया है। साथ ही आदेशों का पालन नहीं करने और अवैध कब्जे से जुड़े मामले में 6.41 करोड़ रुपये का जुर्माना भी लगाया है।