शहर के पश्चिम क्षेत्र स्थित श्रीलक्ष्मी-वेंकटेश देवस्थान पर बुधवार शाम वेंकट रमणा गोविंदा का जयघोष सैकड़ों कतार में लगे श्रद्धालु लगा रहे थे। अवसर था ब्रह्मोत्सव के छठे दिन आयोजित बहुप्रतीक्षित पुष्प बंगल दर्शन का। इसमें आकाश गंगा में चंद्रमा पर शंक, चक्र, गदा धारण कर मनोहारी स्वरूप में भगवान वेंकटेश विराजे थे।