इस दिन परिवार सभी पूर्वजों के लिए एक साथ श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान करते हैं — इसमें वे लोग भी शामिल हैं जिनकी मौत की सही तिथि पता नहीं है, जिनका सालाना श्राद्ध नहीं हो पाया, या जिन्हें परिवार मिलकर श्रद्धांजलि देना चाहता है। इस पूरी गाइड में इसके बारे में संपूर्ण जानकारी जानिए।