सोशल मीडिया पर पोस्ट वीडियो के अनुसार, दावा किया जा रहा है कि फतेहपुर डाल निवासी तालिब खान ने आजादी के दिन 15 अगस्त को यह विवादित स्टेटस लगाया था।