पुल का निर्माण सिंगल-पियर प्रणाली से किया जाएगा, जिससे नीचे उपलब्ध स्थान का बेहतर उपयोग संभव होगा। इसके लिए शीघ्र ही विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार कर प्रशासनिक स्वीकृति की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।