मौलाना मदनी ने कहा कि कानून की विश्वसनीयता सभी नागरिकों पर इसके समान रूप से लागू होने पर निर्भर करती है। संवैधानिक मूल्यों से कोई भी विचलन कानून के शासन में जनता का विश्वास कमजोर करेगा।