दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा कि फिलहाल मस्जिद को तोड़ा नहीं जाएगा। याचिकाकर्ता ने सुरक्षा देने और नमाज पढ़ने के लिए रास्ता खोलने की मांग की थी।