साड़ी पहने लोको पायलट की ड्यूटी करती महिला का वीडियो असली नहीं AI है

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सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया गया है कि एक नई-नवेली दुल्हन साड़ी पहने हुए लोको पायलट के तौर पर अपनी ड्यूटी कर रही है.'The Times of India', 'NewsX' और 'News18 Hindi' जैसी न्यूज वेबसाइट्स ने भी इन वीडियो को शेयर किया है. इस पोस्ट का आर्काइव यहां देखें(ऐसे ही दावा करने वाली अन्य पोस्ट के आर्काइव आप यहां और यहां देख सकते हैं. )क्या यह दावा सही है ? नहीं, यह दावा गलत है, क्योंकि यह वीडियो AI की मदद से बनाई गई है. हमने सच का पता कैसे लगाया ?: हमने गूगल लेंस का इस्तेमाल करके वीडियो पर 'रिवर्स इमेज सर्च' ऑप्शन का इस्तेमाल किया, जिससे हम @kumkumkumari0101नाम के एक यूट्यूब अकाउंट, तक पहुंचे.इस अकाउंट पर यह वीडियो, जो वायरल वीडियो से मेल खा रहा था, 06 अक्टूबर 2026 को अपलोड किया गया था.हमने देखा कि इस वीडियो पर एक AI का लेबल लगा है, जो यह बताता है कि इसे AI का इस्तेमाल करके बदला गया है या पूरी तरह से AI से ही बनाया गया है. वीडियो पर AI लेबल लगा है.इस अकाउंट ने महिलाओं के लोको पायलट होने के ऐसे कई वीडियो पोस्ट किए हैं, जिनमें AI लेबल लगे हैं. इस अकाउंट पर महिलाओं के लोको पायलट होने से जुड़े ऐसे कई वीडियो पोस्ट किए गए हैं.क्या यह AI है?: हमने इस वीडियो को 'हाइव मॉडरेशन' (Hive Moderation) नाम के एक AI डिटेक्टर पर चेक किया.AI से बने कॉन्टेंट की पुष्टि करने वाले इस टूल के मुताबिक इस वीडियो के AI से बने होने की 81 प्रतिशत संभावना जताई गई. यहां Hive Moderation द्वारा AI डिटेक्शन का बताया गया नतीजा देखा जा सकता है. हमने इस वीडियो को 'डीपफेक-ओ-मीटर' (DeepFake-O-Meter) नाम के एक अन्य AI डिटेक्शन टूल पर भी चेक किया और पाया कि इसके तीन डिटेक्टरों ने इस वायरल क्लिप को AI-जनरेटेड कंटेंट के रूप में बताया था. यहां डीपफेक-ओ-मीटर (DeepFake-O-Meter) पर दिए गए AI डिटेक्शन का परिणाम दिया गया है.हमने वीडियो को SynthID डिटेक्टर से जांचा, जिससे यह पता चला कि यह कंटेंट Google AI की मदद से बनाया गया या एडिट किया गया है, क्योंकि इसमें एक SynthID वॉटरमार्क था. यह वीडियो Google AI की मदद से बनाया या एडिट किया गया है.हमने इस वायरल क्लिप को 'डीपफेक्स एनालिसिस यूनिट' (DAU) के साथ शेयर किया, जिसने इसे कई अलग-अलग AI कंटेंट डिटेक्टरों की मदद से चेक किया.वीडियो के दो की-फ्रेम को 'AI ऑर नॉट' (AI or Not) नाम के एक AI डिटेक्शन टूल से जांचा गया, और इस टूल ने दोनों स्क्रीनशॉट को AI-जनरेटेड (AI से बने हुए) करार दिया.यहां 'AI or Not' द्वारा किए गए AI डिटेक्शन के परिणाम दिए गए हैं.AI इमेज डिटेक्टर, 'इमेजविस्परर' (ImageWhisperer) ने इसके एक स्क्रीनशॉट को AI-जनरेटेड बताया, और दूसरे स्क्रीनशॉट में कुछ बदलाव की संभावना जताई, लेकिन यह भी बताया कि असल इमेज AI-जनरेटेड नहीं है. (स्वाइप करें)यहां 'इमेज विस्परर' द्वारा AI डिटेक्शन के परिणाम दिए गए हैं. यहां 'इमेज विस्परर' द्वारा AI डिटेक्शन के परिणाम दिए गए हैं. निष्कर्ष: सोशल मीडिया पर नई-नवेली दुल्हन के साड़ी पहने हुए लोको पायलट के तौर पर अपनी ड्यूटी करने का दावा सही नहीं है, यह वीडियो AI से बनाई गई है. (अगर आपके पास भी ऐसी कोई जानकारी आती है, जिसके सच होने पर आपको शक है, तो पड़ताल के लिए हमारे वॉट्सऐप नंबर  9540511818 या फिर आईडी webqoof@thequint.com पर भेजें. सच हम आपको बताएंगे. हमारी बाकी फैक्ट चेक स्टोरीज आप यहां पढ़ सकते हैं.)अरुणाचल प्रदेश का यह वीडियो चीनी सेना का नहीं बल्कि भारतीय पुलिस का है