पायलट की जिम्मेदारी सिर्फ विमान उड़ाने तक सीमित नहीं होती। हजारों फीट की ऊंचाई पर सैकड़ों यात्रियों की सुरक्षा पूरी तरह इस बात पर निर्भर करती है कि कॉकपिट में बैठे पायलट शारीरिक और मानसिक रूप से पूरी तरह फिट हैं या नहीं।