विधायक शाक्य ने कहा, आज कई ऐसे बिंदु पड़े हैं, जिन पर समाज मौन है। वैसे ही मौन है, जैसे महाभारत की भरी सभा में बड़े बुद्धिमान, बुद्धिजीवी मौन रहे। उसका परिणाम खराब निकला था।