यह लाइन माल और यात्री परिवहन दोनों के लिए महत्वपूर्ण होगी, जिससे रेल कनेक्टिविटी बेहतर होगी और यात्रा समय में तीन घंटे की बचत होगी। इससे ईंधन और समय की बचत होगी।