नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी (NCP) के विधायक अमोल मिटकरी ने पार्टी के मुखिया अजित पवार की प्लेन क्रैश में मौत पर सवाल खड़े किए। उन्होंने पूछा कि क्या पवार का मर्डर उसी तरह हुआ जैसे लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम (LTTE) ने राजीव गांधी का मर्डर किया था? क्या कैप्टन सुमित कपूर सुसाइड बॉम्बर बनकर आए थे? उन्होंने अकोला जिले में आयोजित शिव जयंती कार्यक्रम में सोमवार को कहा कि अगर कपूर की पत्नी कह रही हैं कि वह जिंदा हैं तो क्या सुमित कपूर सच में प्लेन क्रैश में मारे गए थे या जिंदा हैं? उन्होंने कहा कि जब प्लेन क्रैश इतना बड़ा राज है तो महाराष्ट्र इतना शांत कैसे है? दरअसल, पुणे जिले के बारामती में 28 जनवरी को अजित पवार का विमान क्रैश हुआ था। इस हादसे में अजित पवार सहित 5 लोगों की मौत हुई थी। हादसे पर तभी से लगातार सवाल खड़े हो रहे हैं। अजित की पत्नी और डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार ने CM देवेंद्र फडणवीस से मिलकर मामले की CBI जांच की मांग की थी। भतीजे रोहित ने प्लेन क्रैश पर सवाल उठाए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के विधायक रोहित पवार भी अजित पवार के प्लेन क्रैश पर सवार उठा चुके हैं। उन्होंने दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फेंस में स्क्रीन पर डेटा और फोटो दिखाते हुए कहा था कि ब्लैक बॉक्स को लेकर शक जताया जा रहा था। उन्होंने पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को लेटर लिखा था। रोहित ने कहा था कि दुर्घटना के समय सिर्फ एक धमाका नहीं हुआ था, बल्कि कई धमाके हुए थे। विमान में सामान रखने वाली जगह पर अतिरिक्त पेट्रोल के डिब्बे रखे गए थे, जिससे आग भड़की। सभी पहलुओं की गहराई से जांच होनी चाहिए। सुप्रिया सुले ने रोहित की कड़ी सुरक्षा की मांग की सुप्रिया सुले ने सोशल मीडिया पर बयान जारी कहा था कि रोहित पवार अजित दादा की मौत पर जनता के मन में उठ रहे सवालों को उठा रहे हैं। जनता को जवाब मिलने चाहिए। अगर जांच में देरी होती है तो अशांति बढ़ने की संभावना है। सुप्रिया ने कहा कि रोहित पवार के लिए कड़ी सुरक्षा बेहद जरूरी है। उन्होंने राज्य सरकार से उनकी सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी लेने की मांग की। शरद पवार ने कहा था- अजित की मौत दुर्घटना, राजनीति ना करें NCP (SP) नेता और अजित के चाचा शरद पवार ने 28 जनवरी को कहा था कि प्लेन क्रैश हादसा है। इस पर राजनीति नहीं की जानी चाहिए। महाराष्ट्र ने एक काबिल इंसान खो दिया है। उसके पास फैसले लेने की ताकत थी। हालांकि बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने कहा कि हादसे की जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में की जानी चाहिए। राजीव गांधी पर हुए आत्मघाती हमले में LTTE का हाथ पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की 21 मई 1991 को आत्मघाती हमले में हत्या हुई थी। राजीव ने अपने कार्यकाल में श्रीलंका में शांति सेना भेजी थी, जिससे तमिल विद्रोही संगठन लिट्टे (लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम) उनसे नाराज चल रहा था। घटना के दिन राजीव लोकसभा चुनावों के लिए प्रचार करने तमिलनाडु के श्रीपेरम्बदूर गए थे। वहां लिट्टे ने राजीव पर आत्मघाती हमला करवाया। राजीव को फूलों का हार पहनाने के बहाने लिट्टे की महिला आतंकी धनु (तेनमोजि राजरत्नम) आगे बढ़ी। उसने राजीव के पैर छुए और झुकते हुए कमर पर बंधे विस्फोटकों में ब्लास्ट कर दिया। धमाका इतना जबर्दस्त था कि कई लोगों के चीथड़े उड़ गए। राजीव और हमलावर धनु समेत 16 लोगों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि 45 लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे। 1976 में बना LTTE ने भेजे थे आतंकी लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम (LTTE या लिट्टे) श्रीलंका का एक सशस्त्र अलगाववादी संगठन था, जिसकी स्थापना 5 मई 1976 को वेलुपिल्लई प्रभाकरन ने की थी। इसका मुख्य उद्देश्य श्रीलंका के उत्तर और पूर्व में तमिलों के लिए एक स्वतंत्र राज्य (तमिल ईलम) बनाना था। यह संगठन 18 मई 2009 को श्रीलंकाई सेना द्वारा प्रमुख नेता प्रभाकरन के मारे जाने के बाद समाप्त हो गया। ---------------------------------------------- यह खबर भी पढ़ें… अजित पवार लियरजेट- 45 प्लेन में सवार थे: VSR वेंचर्स के इसी मॉडल का प्लेन 2023 में क्रैश हुआ था, मुंबई रनवे पर दो टुकड़े हुए थे अजित 'लियरजेट 45' प्रीमियम बिजनेस जेट में सवार थे, इसकी ऑपरेटर कंपनी VSR वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड है। इसी कंपनी का 'लियरजेट 45' प्लेन 2023 में मुंबई एयरपोर्ट पर भी क्रैश हो गया था और दो हिस्सों में टूट गया था। पायलट, को-पायलट और 6 यात्रियों को चोटें आई थीं। पूरी खबर पढ़ें…