ट्रम्प ने जंग रोकने के लिए ईरान का ऑफर फिर से ठुकरा दिया है। उन्होंने शुक्रवार देर रात कहा, बातचीत के लिए ईरान का नया ऑफर भी मुझे मंजूर नहीं है। ईरान की लीडरशिप उलझ गई है और बुरी तरह से बिखर गई है। वे समझौता करना चाहते हैं लेकिन आपस में सहमत नहीं हो पा रहे। इससे पहले ईरान 26 और 27 अप्रैल को भी अपना प्रस्ताव भेज चुका है जिसे ट्रम्प ठुकरा चुके हैं। ट्रम्प ने यह भी कहा कि अभी उनकी ईरान से फोन पर ही वार्ता चल रही है। व्हाइट हाउस के एक अधिकारी के मुताबिक ईरान ने अपने नए प्रस्ताव में परमाणु मुद्दे का जिक्र नहीं किया है। उसका कहना है कि इस पर बाद में बात हो तो वह होर्मुज को तुरंत खोल देगा। ट्रम्प कह चुके हैं कि ईरान को परमाणु हथियार बनाने नहीं दिया जा सकता। ईरान को वार्ता के लिए आने से पहले समृद्ध यूरेनियम को सौंपना होगा। ईरान ने यह नया प्रस्ताव पाकिस्तानी आर्मी चीफ मुनीर के जरिए ट्रम्प को भेजा था। इस बीच अमेरिका ने अपने नाटो सहयोगी जर्मनी से 5,000 सैनिक हटाने का फैसला किया है। इससे पहले जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने ट्रम्प सरकार की आलोचना की थी और कहा था कि अमेरिका को ईरान के सामने अपमानित होना पड़ रहा है। इससे ट्रम्प नाराज हो गए थे। पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स… 1. संसदीय मंजूरी की जरूरत नहीं: ट्रम्प ने ईरान के खिलाफ संभावित सैन्य कार्रवाई को लेकर कहा है कि उन्हें इसके लिए संसद से इजाजत लेने की जरूरत नहीं है। जो लोग इसकी मांग कर रहे हैं, वे देशभक्त नहीं हैं। 2. ईरान जंग खत्म होने का दावा: व्हाइट हाउस ने संसद को आधिकारिक तौर पर बताया कि ईरान युद्ध अब खत्म हो चुका है। उस इलाके में अभी भी अमेरिकी सेना मौजूद है, इससे फर्क नहीं पड़ता। 3. अमेरिका की चेतावनी: अमेरिका ने कहा कि जो कंपनियां ईरान को होर्मुज से गुजरने के लिए पैसा देती हैं, उन पर अमेरिका पाबंदी लगा सकता है, भले ही वो पैसा चैरिटी के नाम पर ही क्यों न दिया जाए। 4. जहाजों का ट्रैफिक 90% घटा: होर्मुज में जहाजों की आवाजाही लगभग बंद हो गई है। पहले जहां हर दिन करीब 130 जहाज गुजरते थे, अब सिर्फ 10 से भी कम जहाज जा रहे हैं। 5. ट्रम्प को हमले की ब्रीफिंग: अमेरिका की सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के कमांडर ने राष्ट्रपति ट्रम्प को ईरान के खिलाफ संभावित हमला करने के विकल्पों की जानकारी दी। ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…