एमपी के सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में लंबे समय से चली आ रही विशेषज्ञों की कमी अब जल्द दूर होने वाली है। इस भर्ती अभियान का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के जिला अस्पतालों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में विशेषज्ञ सेवाओं को तत्काल प्रभाव से सुचारू करना है।