8 अप्रैल को पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की बोर्ड ऑफ डायरेक्टर की बैठक हुई। उसमें संविदा नियुक्ति की नीति बनाते हुए तय कर लिया गया कि रिटायर होने वाले कंपनी के पूर्व अधिकारियों को इस पद पर संविदा आधार पर नियुक्ति दी जा सकेगी।