आरोपित ने बालिका को बहला-फुसलाकर छत पर ले गया, जहां उसके साथ गलत कृत्य किया। घटना के बाद आरोपित ने बच्ची को जान से मारने की धमकी दी। इससे वह लंबे समय तक सहमी रही और किसी को कुछ नहीं बता सकी। 17 अप्रैल को जब बच्ची ने स्वजन के सामने घटना का जिक्र किया तो स्वजन तुरंत थाने पहुंचे।