2025 में नौकरी लगवाने का झांसा देकर कुल चार लाख रुपये की मांग की थी, जिसमें से दो लाख रुपये एडवांस के रूप में ले लिए गए। न तो नौकरी दिलाई गई और न ही रकम वापस की गई, जिसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा।