घर में एक भगवान की कई मूर्तियां रखना सही या गलत? जानें क्या कहता है हिंदू धर्म और वास्तु शास्त्र

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Idol worship in Hinduism: हिंदू धर्म में मूर्ति पूजन का विशेष महत्व होता है. ऐसे में कई हिंदू अपने घरों में एक ही भगवान की एक से ज्यादा मूर्तियां रखते हैं. हिंदू धर्म में इसे लेकर अक्सर सावल उठाए जाते रहे हैं. परिवारों को कभी उपहार स्वरूप भगवान की मूर्तियां भेंट की जाती है, तो कुछ लोग मंदिरों या धार्मिक यात्राओं से मूर्तियां खरीदकर घर लाते हैं. इसी वजह से पूजा घर में कई बार एक ही देवता के एक से अधिक मूर्तियां हो जाती हैं. आइए जानते हैं वास्तु शास्त्र और हिंदू धर्म में इसे लेकर क्या कहा गया है?हिंदू धर्म में मूर्ति पूजा पवित्रहिंदू धर्म में मूर्तियों को पवित्र माना जाता है. लोग उनके प्रति प्रेम, आदर और सम्मान अर्पित करते हैं. ईश्वरीय शक्ति किसी भी एक रूप या आकार तक सीमित नहीं है. ईश्वर अनंत है. ईश्वर की पूजा कई तरह की विधियों से की जाती है. इसी वजह से एक ही ईश्वर की एक से अधिक मूर्तियों को रखने से कोई समस्या नहीं आती है. इसे गलत नहीं माना जाता है. इससे ज्यादा महत्वपूर्ण है आपका इरादा. मूर्तियों की संख्या से ज्यादा आपका आदर मायने रखता है.मूर्तियों का सम्मान करना अधिक महत्वपूर्णदेखा जाए तो एक सा अधिक मूर्तियां पूजा घर में रखना सामान्य है, बशर्ते उन्हें साफ-सुथरा रखा जाए और उनक सही तरीके से देखभाल की जाए. कई परिवार अपने पूजा घर में एक ही देवता की अलग-अलग मूर्तियों रखते हैं. उदाहरण के लिए देखा जाए तो कुछ लोग दैनिक पूजा के लिए गणेश जी की एक छोटी मूर्ति और त्योहारों के लिए सजावटी गणेश जी की मूर्ति लाते हैं. कुछ लोग घर के मंदिर में कृष्ण की एक मूर्ति और बैठक में दूसरी मूर्ति रखते हैं. यह सच में काफी सामान्य है. हिंदू धर्म में इसे मान्यता प्राप्त है.आपको इस बात का ध्यान देना है कि, मूर्तियों को ऐसी जगहों पर नहीं रखना चाहिए, जहां वे जल्दी से गंदी हो जाती है. न ही मूर्तियों को इधर-उधर छोड़ना चाहिए. अगर आपके पास काफी सारी मूर्तियां हैं और उनका देखभाल करना आसान नहीं है, तो बेहतर होगा उन्हें मंदिरों में दान कर दें. मंदिर में भीड़ भाड़ असहज महसूस करा सकता है. अच्छा होगा कि आप उन्हीं मूर्तियों को ही रखें जिनसे आपका सच्चा जुड़ाव हैअतिरिक्त मूर्तियों का क्या करना चाहिए?यदि आपके पास अधिक मूर्तियां हैं, तो उन्हें फेंकने की जरूरत नहीं है. ऐसा करना सही नहीं होता. इन मूर्तियों को आप किसी मंदिर में दान दे सकते हैं. आप उन्हें किसी ऐसे व्यक्ति को दे सकते हैं, जो उनकी देखभाल करें. या फिर आप सम्मानजनक उन मूर्तियों को किसी पेड़ के नीचे रख सकते हैं. कुछ लोग मूर्तियों को कपड़े में लपेटकर साफ दराज में रखते हैं. कहने का मतलब ये है कि, मूर्ति का सम्मान करना जरूरी है. घर में एक ईश्वर की अधिक मूर्तियों को रखना मन को शांति प्रदान करता है. हर मूर्ति किसी खास याद से जुड़ी होती है.Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.