अंक ज्योतिष की दुनिया में हर नंबर की अपनी एक अलग कंपन और ऊर्जा होती है। लेकिन अगर बात 'राजसी ठाठ-बाट', 'आकर्षण' और 'असीमित खर्चों' की हो, तो मूलांक 6 का कोई सानी नहीं है।