कई विशेषज्ञों ने कहा है कि भारत को अमेरिका पर पूरी तरह से भरोसा नहीं करना चाहिए. वहीं कुछ लोगों का कहना है कि नए घटनाक्रम के बाद भारत और यूरोप क़रीब आ सकते हैं.