भोपाल के गांधी चिकित्सा महाविद्यालय की वायरोलॉजी लैब को भविष्य की महामारियों को रोकने के लिए पहरेदार (सेंटिनल सर्विलांस साइट) के रूप में विकसित किया जा रहा है।