Why Do Socks Leave Marks On Your Ankles: दिनभर मोजे पहनने के बाद जब हम उन्हें उतारते हैं तो अक्सर टखनों के आसपास हल्के निशान दिखाई देते हैं. ज्यादातर मामलों में यह बिल्कुल सामान्य होता है. मोजों के इलास्टिक की हल्की दबाव की वजह से त्वचा पर कुछ देर के लिए निशान बन जाते हैं और कुछ मिनटों में अपने-आप गायब भी हो जाते हैं. लेकिन अगर ये निशान ज्यादा गहरे हों, देर तक बने रहें या पैरों में सूजन के साथ दिखाई दें, तो डॉक्टर इसे शरीर के एक संकेत के रूप में देखने की सलाह देते हैं.कई बार यह शरीर में ब्लड सर्कुलेशन या फ्लूड बैलेंस से जुड़ी किसी समस्या की ओर इशारा कर सकता है. हालांकि सिर्फ मोजों के निशान किसी बीमारी का पक्का संकेत नहीं होते. असली बात यह है कि ये निशान कितनी बार दिखते हैं, कितने गहरे होते हैं और उनके साथ अन्य लक्षण मौजूद हैं या नहीं.इसे भी पढ़ें-Heart Disease Risk: कोलेस्ट्रॉल रिपोर्ट नॉर्मल, फिर भी हार्ट अटैक का खतरा? सावधान! ये कारण हो सकता है असली विलेनक्यों होती है दिक्कत?दरअसल, निचले पैरों की त्वचा नरम होती है और दबाव पड़ने पर जल्दी दब जाती है. जब मोजे कई घंटों तक पैरों पर दबाव डालते हैं तो त्वचा पर हल्की गहराई बन जाती है. आमतौर पर मोजे हटाने के बाद यह निशान जल्दी ही खत्म हो जाता है. लेकिन अगर पैरों में हल्की सूजन हो तो वही दबाव त्वचा के नीचे जमा तरल को दबा देता है, जिससे निशान ज्यादा गहरे और लंबे समय तक दिखाई दे सकते हैं, डॉक्टर इस स्थिति को पेरिफेरल एडिमा कहते हैं, जिसमें पैरों और टखनों के आसपास टिश्यू में तरल जमा होने लगता है.क्या कहते हैं एक्सपर्ट?वस्कुलर सर्जन डॉ. वरुण बंसल के अनुसार, कई बार मरीज सबसे पहले मोजों के गहरे निशान ही नोटिस करते हैं और बाद में उन्हें पता चलता है कि पैरों में ब्लड सर्कुलेशन से जुड़ी समस्या मौजूद है. उनके मुताबिक अगर मोजों के निशान बार-बार गहरे दिखते हैं, तो यह खराब ब्लड फ्लो, फ्लूड रिटेंशन या वीनस इंसफिशिएंसी जैसी स्थितियों का संकेत हो सकता है. वीनस इंसफिशिएंसी में पैरों की नसें खून को ठीक तरह से हार्ट तक वापस नहीं भेज पातीं, जिससे निचले हिस्से में सूजन आने लगती है.कुछ लोगों में यह समस्या ज्यादा देखने को मिलती है. जैसे जो लोग लंबे समय तक बैठकर या खड़े होकर काम करते हैं, जिनकी लाइफस्टाइल बहुत कम एक्टिव है, या जिन्हें हार्ट, किडनी या डायबिटीज से जुड़ी समस्याएं हैं.लंबे समय तक पैरों को स्थिर रखने से ब्लड फ्लो धीमा हो जाता है और पैरों में तरल जमा होने लगता है.इन तरीकों से बच सकते हैं आपडॉक्टर कहते हैं कि अगर मोजों के निशान के साथ पैरों में भारीपन, सूजन, त्वचा का रंग बदलना या दर्द जैसी समस्या हो तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए. हालांकि अच्छी बात यह है कि कुछ आसान आदतें ब्लड सर्कुलेशन बेहतर रखने में मदद कर सकती हैं। नियमित चलना-फिरना, पैरों को थोड़ा ऊंचा रखकर आराम करना, स्वस्थ वजन बनाए रखना और बहुत टाइट मोजे न पहनना इसमें मददगार हो सकता है.इसे भी पढ़ें-दूध पीने के बाद बनती है गैस, जानें किन लोगों को नहीं पीना चाहिए?Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.