Holi 2026: बांके बिहारी मंदिर में रंगोत्सव की शुरुआत, मथुरा में लट्ठमार होली के जन्म में डूबे भक्त

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Mathura and Banke bihari mandir Holi: वृंदावन स्थित श्री बांके बिहारी जी मंदिर में रंगभरनी एकादशी के शुभ अवसर पर रंगों की होली की शुरुआत हुई, वो वहीं श्री कृष्ण जन्म स्थान पर रंगारंग लट्ठमार होली का उत्सव हुआ, जिसे देखने के लिए मथुरा वृंदावन में लाखों की संख्या में श्रद्धालु देश ही नहीं विदेश से भी पहुंचे.#WATCH | Uttar Pradesh | A large number of devotees participate in Shri Banke Bihari Temple in Vrindavan of Mathura district, to join in the Holi Utsav here. pic.twitter.com/ShwFNfKm6a— ANI (@ANI) February 27, 2026बांके बिहारी के लाइव दर्शनइतिहास में पहली बार रंगभरी एकादशी के दिन सुबह 7:00 से बांके बिहारी जी मंदिर में लाइव स्ट्रीमिंग की शुरुआत हुई,  तो वहीं दोपहर 1:00 बजे से श्री बांके बिहारी जी मंदिर के सभी सोशल मीडिया अकाउंट पर लाइव दर्शन प्रारंभ हो गए जिन्हें अब घर बैठे ही वक्त अपने आराध्य श्री बांके बिहारी जी के दर्शन कर सकेंगे. इसकी टेस्टिंग पिछले कई दिनों से चल रही थी.एकादशी होने के कारण परिक्रमा मार्ग में भी लाखों की संख्या में श्रद्धालु परिक्रमा लगाते हुए नजर आए. मंदिर परिसर रंग गुलाल फुल और व्यंजनों की होली से सराबोर रहा और यहां पर आने वाले भक्त इस अद्भुत पल का गवाह बने.मथुरा में हुई लट्ठमार होलीवहीं दूसरी ओर धर्म की नगरी मथुरा स्थित श्री कृष्ण जन्म स्थान पर रंगारंग लठमार महोत्सव का शुभारंभ हुआ. राधा कृष्ण के स्वरूप की आरती से प्रारंभ हुआ और होली के लोकगीतों से पूरा कृष्ण जन्म स्थान भक्ति मय हो गया और होली के रंग में रंग गया, जिसे देखने के लिए हजारों की संख्या में श्रद्धालु श्री कृष्ण जन्म स्थान पहुंचे. जहां पर मंच से कलाकारों में अनेक प्रस्तुती दी, फूलों की होली खेली और श्री कृष्ण जन्म स्थान में हाइड्रोलिक पिचकारी द्वारा रंग और गुलाल उड़ाए गए तो फिर मैदान में लठमार होली की शुरुआत हुई , जिसमें नवयुवक कृष्ण और गोपी के स्वरूपों से लठमार होली खेलते हुए नजर आए.इस उत्सव यह उत्सव केवल रंगों का ही नहीं बल्कि आस्था प्रेम और परंपरा का भी प्रतीक है. पूरे आयोजन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजामत रहे जिससे की होली के इस  रंगारंग पर्व पर यहां पर आने वाले लोगों को किसी प्रकार की कोई असुविधा न हो.VIDEO: इंद्रेश उपाध्याय ने अनिरुद्धाचार्य संग लट्ठमार होली खेलते समय की ऐसी शरारत, ठहाकों से गूंज उठा भवनDisclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.